संतरे की १०० प्रतिसत आर्गनिक खेती और संतरे के पौधों की बढ़ने की गति में तेजी आ गई है|

) परवेज खान साहब इनकी खेती पारशिवनी नागपुर में है, खान साहब आर्गनिक खेती कर रहे थे, उत्पादन बराबर ना मिलने के कारण खेती नुकसान का सौदा साबित हो रही थी.

२) खान साहब मजबूर होकर रासायनिक खेती की तरफ मुड़ने का निश्चय कर चुके थे, उनकी मुलाकात कंपनी के डीलर सतीश माली सर के साथ हुई, और परवेज खान साहब ने अपने निश्चय को कुछ दिन के लिए स्थगित करने का निर्णय लेकर मल्टीप्लायर इस्तेमाल करने का मन बनाया. ३) इन्होने ३ साल पहले संतरे के पौधे लगाए थे, पिछले ३ - ४ महीने से संतरे की बाग़ में मल्टीप्लायर का इस्तेमाल किया है, खेती पूरी तरह से आर्गनिक है, गोबर की खाद में ट्राइकोडर्मा मिलाकर दिया, इसके अलावा रासायनिक खाद का एक दाना भी नहीं डाला. ४) प्रत्येक २० दिन के अंतर से १५० ग्राम मल्टीप्लायर १५० लीटर पानी में मिलाकर दिया, और प्रत्येक १० दिन के अंतर से १५ लीटर पानी में १० ग्राम मल्टीप्लायर मिलाकर छिड़काव किया. ५) संतरे का बगीचा पौधे लगाने के दिन से आर्गनिक है, अभी तक किसी भी प्रकार का किड रोग बाग में नहीं आया है, परिणामस्वरूप जहरीली दवाओं का एक भी छिड़काव नहीं करना पड़ा. ६) संतरे के पौधों की बढ़ने की गति में तेजी आ गई है, बरसात समाप्त होते-होते संतरे का बगीचा जबरदस्त दिखने लगेगा.



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